उतराखंड में बोली जाने वाली गढवाली और कुमाऊंनी भाषा सबसे समृद्ध भाषा है लिखने पढने बोलने समझने सुनने गुनने में |
नदी घाटी और पहाड़ समाचार पत्र मे आपका स्वागत । देखे पढ़े लिखे जन गण मन की आवाज। सूचना एक संवेदनशील तथ्य ।आपके आसपास के शब्दो की खबर -सम्पादक -शीशपाल सिंह रावत। जरोला-जामणीखाल टिहरीगढवाल उतराखंड भारत 249122
बुधवार, 8 मार्च 2023
रविवार, 5 मार्च 2023
9 वीं बार बाक्सीग में स्वर्ण पदक
साक्षी बिष्ट पुत्री केदार सिंह बिष्ट गाँव त्यालनी विकास खण्ड देवप्रयाग जिला टिहरी गढ़वाल उतराखंड ने बाक्सीग प्रतियोगिता में 9 वीं बार स्वर्ण पदक हासिल किया
गुरुवार, 23 फ़रवरी 2023
खासपटटी
खासपटटी दुनिया में अपने एक ऐसे न्याय के सिद्धांत से मशहूर है जिसे करने का साहस दुनिया का कोई भी शासक नहीं कर सका था लेकिन खासपटटी के लौगों ने कर दिखाया वह न्याय का सिद्धांत था हक हकूक | खासपटटी भि लगना नदी के तट गाँव गढोलिया से शुरू होती भिलगना भागीरथी नदी के संगम देवप्रयाग तक फैलाव होकर अलकनंदा भागीरथी के संगम से फैलाव लेकर अलकनंदा नदी के तट गांव मलेथा की गाड जिस पर माधो सिह भण्डारी ने सुरग बना कर पानी मलेथा के सेरो को पहुचाया से आगे बढकर काण्डीखाल क्वीली से आगे बढ़ कर स्वाड़ी गढोलिया तक है आज दो विकास खण्ड दो विधानसभा क्षेत्र दो लोकसभा क्षेत्र में विभाजित है परन्तु है एक पटटी जिसे खासपटटी कहा जाता |
मंगलवार, 21 फ़रवरी 2023
शुक्रवार, 17 फ़रवरी 2023
बुधवार, 15 फ़रवरी 2023
शुक्रवार, 10 फ़रवरी 2023
बुधवार, 8 फ़रवरी 2023
शनिवार, 4 फ़रवरी 2023
पंच परमेश्वर
पंच परमेश्वर होते है इसलिए पंचायत में 5 लोग चुने जाते थे जो बहुमत के आधार पर फैसला सुनाते थे आज भी यही पद्धति है लेकिन पंच परमेश्वर की तरह नहीं ! पंच परमेश्वर का फैसला 3 पंच बहुमत था जिसमें 2पंच और एक सरपंच !
नदी घाटी और पहाड़
आंदोलनकारी पहचान उतराखण्ड
उतराखण्ड राज्य बने 26 साल पूरे होने जा रहे है पर नवम्बर 2000 से राज्य की सत्ता ने उतराखण्ड राज्य आंदोलनकारियों की पहचान के लिए जो नियम थोप...
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जय हो सनातन संस्कृति का पहला सम्बोधन है और देवी की स्तुति में जय हो एक मंत्र है। सम्पादक- नदी घाटी और पहाड़।






