सूचना एक संवेदनशील तथ्य

 सूचना एक संवेदनशील तथ्य है लेकिन आम आदमी इसे नहीं समझता । समुचित व्यवस्था बिना सूचना के रति भर आगे नहीं बढ़ सकती यह लोकतंत्र का मूल मंत्र है।आम आदमी को सूचना के तथ्यों की अहमियत का ज्ञान जरूरी जिस दिन सूचना आम आदमी तक गाह्य हो जायेगी व्यवस्था लोकतंत्र के अनुकूल दिखेगी। सम्पादक-शीशपाल सिंह रावत।

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